जिला पंचायत

जिला पंचायत ग्रामीण भारत की सेवाओं को लागू करने के लिए जिले में शीर्ष निकाय है।
जिला पंचायत की कुछ भूमिकाएँ और जिम्मेदारियाँ:

  1. ग्रामीण आबादी और जिले के लिए विकास कार्यक्रमों की योजना और निष्पादन के लिए आवश्यक सेवाएं और सुविधाएं प्रदान करें।
  2. किसानों को बेहतर बीजों की आपूर्ति।
  3. गाँवों में स्कूल स्थापित करना और चलाना। वयस्क साक्षरता के लिए कार्यक्रम निष्पादित करना।
  4. गांवों में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और अस्पताल शुरू करना। महामारी और परिवार कल्याण अभियानों के खिलाफ टीकाकरण अभियान शुरू करना।
  5. उद्यमियों को लघु उद्योग शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करना जैसे कुटीर उद्योग, हस्तकला, कृषि उपज प्रसंस्करण मिल, डेयरी फार्म आदि। ग्रामीण रोजगार योजनाओं को लागू करना।
पद नाम फोन नंबर पता
सीईओ जिला पंचायत श्री वरदमुर्ति मिश्रा कलेक्टर कैंपस

जिला पंचायत के तहत योजनाएं

स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण)

स्वच्छ भारत मिशन का क्रियान्वयन एवं प्रावधान :– माननीय प्रधानमंत्री जी द्वारा 2 अक्टूबर 2014 से स्वच्छ भारत अभियान का शुभारंभ किया गया है । स्वच्छ भारत मिशन – ग्रामीण का उद्देश्‍य ग्राम पंचायतों को खुले में शौच मुक्त करना तथा स्वच्छ एवं साफ सुथरा वातावरण बनाना है ।

निर्माण ऐजेंसी :– ग्राम पंचायत, स्वयं हितग्राही एवं स्वसहायता समूह

भुगतान प्रक्रिया :– निर्माण एजेन्सी द्वारा शौचालय निर्माण उपरांत उन्हें ऑनलाईन भुगतान प्रक्रिया के माध्यम से राशि रू. 12000/- का भुगतान किया जाता है ।

पात्र हितग्राही :— स्वच्छ भारत अभियान अंतर्गत पात्र हितग्राही निम्नानुसार रहेगें –
बीपीएल -ग्राम पंचायत में निवासरत समस्त परिवार ।
एपीएल -एस.सी, एस.टी., लधु व सीमांत कृषक, भूमिहीन परिवार, विधवा मुखिया एवं विकलांग पात्र हितग्राही होगें ।

योजना अंतर्गत जानकारी के लिये जिले स्तर एवं जनपद स्तर पर संपर्क कर जानकारी ली जा सकती है:-
जिला कार्यालय में :– जिला समन्वयक स्वच्छ भारत अभियान
जनपद कार्यालय में :– मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत एवं ब्लाक समन्वयक स्वच्छ भारत अभियान
ग्राम पंचायत में :– सचिव / रोजगार सहायक

ओडीएफ प्लस अंतर्गत गतिविधियॉ :– ग्राम पंचायत स्तर पर घरेलू कचरों का पृथक्करण संकलन और सुरक्षित निपटान घरेलू कंपोस्ट बनाना और बायो गैस संयत्र का निर्माण शामिल होगा।

प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण

प्रस्तावनाः– प्रधानमंत्री आवास योजना – ग्रामीण का मुख्य उद्देश्‍य 2022 तक सब के लिए सुविधा युक्त पक्का आवास प्रदान किया जाना है । योजना से सामाजिक आर्थिक जातिगत जनगणना 2011 की सर्वे सूची अनुसार शून्य रूम, एक रूम, दो रुम कच्चा आवासधारी परिवारों को दिशा निर्देशानुसार सत्यापन उंपरात पात्र परिवारों को आवास निर्माण करने के लिए आवास निर्माण की ईकाई लागत रू.1,30,000/- निर्माण के विभिन्न स्तरों पर आवास एप्स के माध्यम से जियो टेग करते हुए 4 किस्तों में सम्पूर्ण राशि हितग्राही के बैंक खाते मे एफ.टी.ओ. के माध्यम से प्रदान की जाती है ।

हितग्राही चयन प्रकिया:– आवास पोर्टल मे प्रदर्शित सामाजिक आर्थिक जातिगत जनगणना 2011 की सूची के शून्य रूम , एक रूम, दो रुम कच्चा आवासधारी परिवारों के सत्यापन उंपरात पात्र पाये गये हितग्राहियों की सूची का ग्राम सभा के द्वारा अनुमोदन किया जाता है।

पंजीयन एवं स्वीकृतिः– ग्रामसभा से अनुमोदित सूची अनुसार हितग्राहियों का आवास पोर्टल मे ऑनलाईन पंजीयन जनपद पंचायत स्तर से किया जाता है । पंजीयन उंपरात शासन से प्राप्त वर्गवार लक्ष्यानुसार स्वीकृति की कार्यवाही जिला स्तर से आवास पोर्टल के माध्यम से की जाती है ।

किश्तों का विवरण :– स्वीकृति उपरांत संबधित हितग्राहियों को जनपद पंचायत स्तर से एफ0टी0ओ द्वारा सीधे हितग्राही के खाते मे प्रथम किस्त की राशि 25,000/- रू. जारी की जाती है । तदोपंरात हितग्राही द्वारा प्लिंथ स्तर का कार्य पूर्ण करने पर द्वितीय किस्त की राशि 45,000/- रू. तथा छत स्तर के बीम कार्य पूर्ण करने पर तृतीय किस्त की राशि 45,000/- रू जारी की जाती है । आवास निर्माण की पूर्णता उपंरात अंतिम किस्त/चतुर्थ किस्त 15,000/- रू. आवास के शेष कार्य को पूर्ण करने हेतु दी जाती है।

मजदूरी का भुगतान:– आवास निर्माण के दौरान संबधित हितग्राही के खाते मे 95 दिवस की मजदूरी प्रतिदिवस 176/- रु. के मान से मनरेगा योजना से भुगतान किया जाता है ।

महिला राजमिस्त्रीयों का प्रशिक्षणः– आवास निर्माण हेतु पर्याप्त मेशन/राजमिस्त्री तैयार करने हेतु योजनान्तर्गत 45 दिवसीय राजमिस्त्रीयों का प्रशिक्षण प्रत्येक जनपद पंचायत में समय-समय पर दिया जाता है जिसमें 1 आवास मे 6 महिला/पुरूष राजमिस्त्री तथा 1 डेमोस्टेटर प्रशिक्षण प्राप्त करते हैं । प्रशिक्षण अवधि के पारिश्रमिक एवं पूर्णता उपंरात प्रमाणित संस्था के प्रमाण पत्र दिये जाते है । जिसकी मॉनिटरिंग एंव निरीक्षण का कार्य संबधित सहायक यंत्री एवं विकास खण्ड समन्वयक द्वारा किया जाता है ।

निरीक्षण एंव मानिटरिंग:– जिला, जनपद पंचायत एंव कलस्टर स्तर पर मासिक एंव साप्ताहिक समीक्षा बैठकों के माध्यम से योजना की प्रगति की समीक्षा की जाती है । कलस्टर एवं ग्राम पंचायत स्तर पर संबधित ए0डी0ई0ओ0, पी0सी0ओ0, उपयंत्रियों, सचिव एंव ग्राम रोजगार सहायक द्वारा हितग्राहियों को समय-समय मे किस्त प्रदाय करने एवं गुणवत्ता पूर्ण आवास कार्य समयावधि मे पूर्ण कराने हेतू नियमित निरीक्षण एवं मानिटरिंग का कार्य किया जाता है ।

वेबसाइट :- https://pmayg.nic.in